कोरोनासंकट से निपकने को कई प्रदेशों में तीन माह के मुफ्त अनाज का वितरण
कोरोनासंकट से निपकने को कई प्रदेशों में तीन माह के मुफ्त अनाज का वितरण
कोरोना वायरस संक्रमण से निपटने के लिए पूरे देश में जारी दूसरे दौर के लॉकडाउन के बीच अधिकतर प्रदेशों ने तीन माह का मुफ्त खाद्यान्न का वितरण शुरू कर दिया है। उपभोक्ता मंत्रालय का कहना है कि दूसरे राज्य भी जल्द मुफ्त खाद्यान्न बांटना शुरू कर देंगे, ताकि कोरोना वायरस संकट के बीच जरूरतमंद लोगों तक तीन माह का राशन एक साथ उपलब्ध हो सके।
केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत लाभार्थियों को तीन माह का मुफ्त खाद्यान्न उपलब्ध कराने का ऐलान किया था, पर दिल्ली, आंध्र प्रदेश और पश्चिम बंगाल सहित कई प्रदेशों ने अभी खाद्यान्न उठाना शुरू नहीं किया है। इस सिलसिले में केंद्रीय खाद्य एवं उपभोक्ता मामले के मंत्री रामविलास पासवान ने संबंधित प्रदेशों के मंत्रियों से फोन पर बात की है।
दिल्ली की तरह आंध्र प्रदेश को भी भारतीय खाद्य निगम ने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत चावल आवंटित किए थे, पर आंध्र प्रदेश ने चावल के साथ गेहूं की मांग थी। इन प्रदेशों में भी जल्द तीन माह का मुफ्त अनाज वितरण का काम शुरू कर दिया जाएगा। पश्चिम बंगाल के खाद्य मंत्री से इस सिलसिले में बात की है, प्रदेश में जल्द खाद्यान्न का वितरण का काम शुरू कर दिया जाएगा।
पूर्वोत्तर के कोने-कोने तक खाद्यान्न की आपूर्ति : पूर्वोत्तर के लोगों तक खाद्यान्न पहुंचाने के लिए खाद्य मंत्रालय हर मुमकिन कोशिश कर रहा है। पासवान ने ट्वीट कर कहा है कि सभी सात राज्यों के कोने-कोने तक एफसीआई ने 25 दिन के अंदर 4.42 लाख मीट्रिक टन अनाज पहुंचाया है।
सभी प्रदेशों में वितरण जल्द : पासवान केंद्रीय खाद्य एवं उपभोक्ता मंत्री रामविलास पासवान ने ‘हिन्दुस्तान’ से बात करते हुए कहा कि अधिकांश राज्यों ने तीन माह का खाद्यान्न बांटना शुरू कर दिया है। पश्चिम बंगाल से बात हुई है, वह एक-दो दिन में खाद्यान्न उठाना शुरू कर देगा। दिल्ली और आंध्र प्रदेश की मांग के मुताबिक चावल के साथ गेहूं को भी आवंटित कर दिया गया है। उम्मीद है जल्द सभी प्रदेश वितरण शुरू कर देंगे।
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Reviewed by Hindustan News 18
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April 20, 2020
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