Top Ad unit 728 × 90

बड़ी ख़बर

recent

विश्व संपर्क भाषा के रूप में दुनिया में तेजी से बढ़ रही है हिंदी : कटारिया

विश्व संपर्क भाषा के रूप में दुनिया में तेजी से बढ़ रही है हिंदी : कटारिया



विश्व हिंदी दिवस के अवसर पर विचार गोष्ठी व काव्य सम्मेलन का आयोजन
मंडी धनौरा हिंदी विश्व की तेजी से बढ़ती संपर्क भाषा के रूप में अपना वर्चस्व स्थापित कर रही है तथा आज हिंदी दुनिया की सबसे ज्यादा बोली जाने वाली दूसरी भाषा है यह प्रत्येक भारतीय के लिए गौरव का विषय है यह उद्गार अखिल भारतीय साहित्य परिषद के जिला अध्यक्ष वह हिंदी सलाहकार समिति श्रम मंत्रालय भारत सरकार के सदस्य डॉ यतींद्र कटारिया विद्यालंकार ने व्यक्त किए
नगर के जे एन एस कॉलेज में  विश्व हिंदी दिवस के उपलक्ष में आयोजित विचार गोष्ठी व काव्य सम्मेलन के अवसर पर मुख्य वक्ता के रूप में यतींद्र कटारिया ने कहा कि हिंदी दुनिया में तेजी से बढ़ती हुई भाषा है उन्होंने विश्व हिंदी दिवस के अवसर पर हिंदी के प्रथम सेनापति के रूप में कहे जाने वाले आर्य समाज के संस्थापक महर्षि दयानंद, हिंदी को 1918 में राष्ट्रभाषा के रूप में अपनाए जाने का आह्वान करने वाले राष्ट्रपिता महात्मा गांधी, प्रसिद्ध शिक्षाविद काका कालेलकर, बंगाल के प्रसिद्ध विद्वान केशव चंद्र सेन समेत उन तमाम अहिंदी क्षेत्र के लोगों को याद किया जिन्होंने हिंदी का वर्चस्व गौरव बढ़ाने में अपना योगदान दिया
इस अवसर पर विश्व हिंदी दिवस पर प्रकाश डालते हुए डॉ कटारिया ने कहा कि वर्ष 1975 में नागपुर में आयोजित प्रथम विश्व हिंदी सम्मेलन के उपलक्ष में प्रतिवर्ष 10 जनवरी को विश्व हिंदी सम्मेलन का दिवस का आयोजन किया जाता है जिसका शुभारंभ वर्ष 2006 में पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह द्वारा किया गया उन्होंने कहा कि वर्तमान कि केंद्र सरकार हिंदी के प्रचार प्रसार व वर्चस्व स्थापित करने में उल्लेखनीय योगदान दे रही है तथा पूर्व विदेश मंत्री सुषमा स्वराज द्वारा हिंदी को संयुक्त राष्ट्र संघ की भाषा के रूप में किए गए प्रयास को भी याद किया जाना जरूरी है
 इस मौके पर काव्य सम्मेलन का भी आयोजन किया गया जिसमें अपनी रचना प्रस्तुत करते हुए कवि बांकेलाल ने अपनी रचना प्रस्तुत करते हुए कुछ यूं कहा
 अडिग पुजारी मैं हिंदी का, द्रोह नहीं भाषाओं से,
 मन की कहने आज चला हूं भारत की आशाओं से, ओ भारत माता के बेटो, माता का सम्मान करो
अंग्रेजी तो मुट्ठी भर की, कोटि-कोटि का ध्यान करो
डॉ राजेश सारस्वत ने अपनी रचना प्रस्तुत करते हुए कुछ यूं कहा
सहज भाव मिलते रहे, बढ़ती दूनी प्रीत
 तलवारों की नोक पर कौन रखा दिल जीत
 कार्यक्रम संयोजक कॉलेज प्राचार्य व जेएनएस रेडियो स्टेशन के निदेशक डॉ शलभ भारद्वाज ने कहा
आओ विश्व हिंदी दिवस पर यह शपथ उठाएं
सीएए के विरोधियों को राष्ट्रप्रेम का अलख जगाए
इस अवसर पर चंद्रशेखर मार्कंडेय ने अपनी रचना प्रस्तुत करते हुए कहा
हिंदी हमारी शान है हिंदी हमारा स्वाभिमान है
हिंदी को अपनाओ दिल से हिंदी भारत की मान है
इस अवसर पर दीपक कुमार शर्मा, गजेंद्र सिंह, सरदार इंद्रजीत सिंह, हरिओम त्रिवेदी दीपक चौहान आदि मौजूद रहे
विश्व संपर्क भाषा के रूप में दुनिया में तेजी से बढ़ रही है हिंदी : कटारिया Reviewed by Hindustan News 18 on January 10, 2020 Rating: 5

No comments:

All Rights Reserved by Hindustan News 18 © 2014 - 2018
Designed By WEB Unnati

Contact Form

Name

Email *

Message *

Powered by Blogger.